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‘3 Idiots’ का सीन हुआ सच! दौड़ती एम्बुलेंस में EMT ने बचाई मां और नवजात की जान, बलरामपुर हाईवे में गूंजी किलकारी

108 Ambulance Baby Birth: बलरामपुर में अस्पताल पहुंचने से पहले 108 एम्बुलेंस में ही एक महिला ने स्वस्थ शिशु को जन्म दिया। प्रसव पीड़ा बढ़ने पर EMT संतोष यादव ने सूझबूझ दिखाते हुए एम्बुलेंस के भीतर सुरक्षित प्रसव कराया। मां और नवजात दोनों स्वस्थ हैं, जबकि 108 टीम की तत्परता की हर ओर सराहना हो रही है।

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108 Ambulance Delivery(photo-patrika)

108 Ambulance Delivery: फिल्मों में अक्सर ऐसे दृश्य देखने को मिलते हैं, जहां अस्पताल पहुंचने से पहले ही एम्बुलेंस में बच्चे का जन्म हो जाता है। लेकिन छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले में ऐसा ही एक दृश्य वास्तविक जीवन में देखने को मिला। अस्पताल पहुंचने से पहले ही 108 एम्बुलेंस एक सुरक्षित प्रसव कक्ष में बदल गई और एम्बुलेंस में तैनात इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन (EMT) की सूझबूझ से एक महिला ने स्वस्थ शिशु को जन्म दिया। मां और नवजात दोनों पूरी तरह स्वस्थ हैं।

108 Ambulance Delivery: प्रसव पीड़ा बढ़ी तो मेडिकल कॉलेज किया गया रेफर

जानकारी के अनुसार, राजपुर विकासखंड के ग्राम सेवारी निवासी 26 वर्षीय ननकी को प्रसव पीड़ा होने पर परिजन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र राजपुर लेकर पहुंचे। जांच के बाद डॉक्टरों ने बेहतर उपचार के लिए उन्हें मेडिकल कॉलेज अंबिकापुर रेफर कर दिया। दोपहर 2 बजकर 39 मिनट पर 108 एम्बुलेंस महिला को लेकर अंबिकापुर के लिए रवाना हुई। परिवार को उम्मीद थी कि अस्पताल पहुंचने के बाद सुरक्षित प्रसव कराया जाएगा, लेकिन रास्ते में ही स्थिति बदल गई।

रास्ते में अचानक बढ़ी प्रसव पीड़ा

राजपुर से आगे हरीतिमा के पास पहुंचते ही महिला की प्रसव पीड़ा अचानक तेज हो गई। अस्पताल अभी काफी दूर था और स्थिति तेजी से गंभीर होती जा रही थी। ऐसे में एम्बुलेंस स्टाफ के सामने बड़ी चुनौती खड़ी हो गई।

EMT संतोष यादव ने दिखाई सूझबूझ

आपात स्थिति को देखते हुए एम्बुलेंस में मौजूद इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन (EMT) संतोष यादव ने धैर्य और अनुभव का परिचय दिया। उन्होंने एम्बुलेंस के भीतर ही आवश्यक चिकित्सकीय सावधानियों के साथ सुरक्षित प्रसव कराने का निर्णय लिया। कुछ ही देर बाद महिला ने एक स्वस्थ शिशु पुत्र को जन्म दिया। एम्बुलेंस, जो कुछ मिनट पहले तक अस्पताल की ओर दौड़ रही थी, नवजीवन की किलकारियों से गूंज उठी।

मां और नवजात दोनों सुरक्षित

प्रसव के तुरंत बाद EMT और एम्बुलेंस स्टाफ ने मां और नवजात को प्राथमिक चिकित्सा उपलब्ध कराई। इसके बाद दोनों को सुरक्षित स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां उनकी आगे की जांच और देखभाल की गई। डॉक्टरों के अनुसार, जच्चा और बच्चा दोनों पूरी तरह स्वस्थ हैं और किसी प्रकार की जटिलता नहीं है।

एम्बुलेंस स्टाफ की हो रही सराहना

इस घटना के बाद EMT संतोष यादव और 108 एम्बुलेंस टीम की जमकर सराहना हो रही है। स्थानीय लोगों और परिजनों ने कहा कि यदि समय पर सूझबूझ और तत्परता नहीं दिखाई जाती, तो स्थिति गंभीर हो सकती थी।

108 सेवा बनी जीवनदायिनी

यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि 108 एम्बुलेंस सेवा केवल मरीजों को अस्पताल पहुंचाने का माध्यम नहीं, बल्कि आपातकालीन परिस्थितियों में जीवन बचाने वाली महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सेवा भी है। EMT की त्वरित कार्रवाई और पेशेवर दक्षता ने एक मां और नवजात को सुरक्षित जीवन देने में अहम भूमिका निभाई।