11 फ़रवरी 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

UP Finance Minister: कितने पढ़े-लिखे हैं यूपी के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना?

UP Finance Minister Suresh Khanna: 2022 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने एक और रिकॉर्ड अपने नाम किया। शाहजहांपुर सीट से नौवीं बार जीत दर्ज कर उन्होंने अपनी राजनीतिक ताकत का एहसास फिर से कराया।

2 min read
Google source verification

लखनऊ

image

Anurag Animesh

Feb 11, 2026

UP Finance Minister

UP Finance Minister Suresh Khanna

UP Finance Minister Kaun Hain: Uttar Pradesh Budget 2026: यूपी विधानसभा में बुधवार को राज्य का बजट 2026 पेश हो रहा है। इस बार का बजट 9 लाख 12 हजार 696.35 करोड़ रुपए है। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना यूपी बजट 2026-27 पेश कर रहे हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि देश के सबसे बड़े सूबे के वित्त मंत्री कितने पढ़े-लिखे हैं? आइये जानते हैं।

UP Finance Minister Kaun Hain: कौन हैं सुरेश खन्ना?


1954 में शाहजहांपुर में जन्मे सुरेश खन्ना के पिता का नाम रामनारायण खन्ना था। शुरुआती पढ़ाई-लिखाई अपने शहर में ही हुई। उन्होंने जीएफ कॉलेज, शाहजहांपुर से ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल की। इसके बाद कानून की पढ़ाई के लिए लखनऊ का रुख किया और 1977 में लखनऊ विश्वविद्यालय से एलएलबी की डिग्री पूरी की। छात्र जीवन से ही उनका रुझान राजनीति की ओर था। कॉलेज के दिनों में ही वे छात्र आंदोलनों और संगठनात्मक गतिविधियों में सक्रिय हो गए थे।

UP Finance Minister: कैसा रहा राजनीतिक सफर


वर्ष 1980 में उन्होंने लोकदल के टिकट पर चुनाव मैदान में कदम रखा, लेकिन उस समय जीत हाथ नहीं लगी। हार के बाद भी उन्होंने राजनीति से दूरी नहीं बनाई। मेहनत जारी रखी। नौ साल बाद 1989 में भाजपा के प्रत्याशी के रूप में शाहजहांपुर नगर सीट से चुनाव लड़ा और पहली बार विधानसभा पहुंचे। इसके बाद सुरेश खन्ना ने पीछे मुड़कर नहीं देखा। वे लगातार चुनाव जीतते रहे और क्षेत्र में अपनी पकड़ मजबूत करते गए। 2004 से 2007 के बीच भाजपा विधानमंडल दल के सचेतक के रूप में भी उन्होंने जिम्मेदारी निभाई। संगठन में उनकी पकड़ और प्रशासनिक अनुभव को देखते हुए 2017 में उन्हें उत्तर प्रदेश सरकार में वित्त मंत्री की जिम्मेदारी सौंपी गई।

Suresh Khanna: लगातार नौवीं बार जीता चुनाव


2022 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने एक और रिकॉर्ड अपने नाम किया। शाहजहांपुर सीट से नौवीं बार जीत दर्ज कर उन्होंने अपनी राजनीतिक ताकत का एहसास फिर से कराया। इतने लंबे समय तक एक ही क्षेत्र से जीत हासिल करना आसान नहीं होता, लेकिन सुरेश खन्ना ने इसे संभव कर दिखाया।