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नई रिसर्च में खुलासा: 99% लोग नहीं जानते ये बात! लंबी और स्वस्थ जिंदगी का ये है राज

Longevity Secrets: नई स्टडी में बड़ा खुलासा...लंबी उम्र के लोगों की संतानें के भी लंबे जीने की ज्यादा संभावना।

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भारत

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Saurabh Mall

Feb 03, 2026

Longevity Secrets

नई रिसर्च में खुलासा: जानें लंबी और स्वस्थ जिंदगी का राज। (इमेज सोर्स: AI जनरेटेड)

Long Life Research Secrets: लंबी और स्वस्थ जिंदगी का राज मनुष्य के जीन में छिपा हुआ लगता है। इजराइल के वेइज़मैन इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस के वैज्ञानिकों की एक नई रिसर्च से पता चला है कि मानव जीवनकाल में आनुवंशिक (जेनेटिक) प्रभाव का योगदान लगभग 50 प्रतिशत तक होता है। यानी माता-पिता से मिले जीन हमारी उम्र का आधा फैसला तय करते हैं। बाकी आधा हिस्सा लाइफस्टाइल, खान-पान, व्यायाम, पर्यावरण और किस्मत पर निर्भर करता है।

विशेषज्ञों का क्या है कहना?

विशेषज्ञों का कहना है कि लाइफस्टाइल अभी भी बहुत महत्वपूर्ण है। स्वस्थ आदतें जीन के नकारात्मक प्रभाव को कम कर सकती हैं। परिवार में लंबी उम्र वाले लोगों की संतानें भी लंबे जीने की ज्यादा संभावना रखती हैं। यह नवीनतम अध्ययन प्रतिष्ठित जर्नल 'साइंस' में हाल ही प्रकाशित हुआ।

पहले की ज्यादातर स्टडीज में जीन का प्रभाव सिर्फ 20-25 प्रतिशत या इससे भी कम (कुछ में 6-10 प्रतिशत) बताया जाता था। लेकिन वैज्ञानिकों ने पाया कि पुरानी रिसर्च में बाहरी मौतों (दुर्घटना, हिंसा, संक्रमण, बीमारियां) को अलग नहीं किया जाता था, जिससे जीन का असर छिप जाता था।

नई रिसर्च में खुलासा

नई रिसर्च में स्वीडन और डेनमार्क के जुड़वां बच्चों (ट्विन्स) के पुराने और नए डेटा का विश्लेषण किया गया। जुड़वां बच्चे एक जैसे जीन वाले होते हैं, लेकिन अलग-अलग माहौल में पलने पर भी उनकी उम्र में अंतर आता है। वैज्ञानिकों ने गणितीय मॉडल के अनुरूप बाहरी मौतों को अलग कर प्राकृतिक बुढ़ापे पर फोकस किया। जिसमें जीन का योगदान 50 प्रतिशत से ज्यादा निकला।

रिसर्च लीडर बेन शेनहार ने कहा, 'एक जैसे जीन और माहौल में भी लोग अलग उम्र में मरते हैं। कुछ 'प्रोटेक्टर जीन' बीमारियों से बचाव करते हैं, जिससे कुछ लोग बिना खास कोशिश के 100 साल पार कर लेते हैं।' यह खुलासा एजिंग रिसर्च के लिए बड़ा है। इससे जीन-आधारित इलाज और लंबी उम्र की दवाओं की उम्मीद बढ़ी है।