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फाल्गुन में आस्था पर ‘पार्किंग टैक्स’ की मार… धामों में दर्शन से पहले 100 से 500 रुपए तक मनमानी वसूली

Temple Parking Fee Issue: जयपुर। फाल्गुन मास में प्रदेश के प्रमुख धार्मिक स्थलों में उमड़ रही आस्था के बीच पार्किंग शुल्क श्रद्धालुओं के लिए बड़ी मुसीबत बन गया है।

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प्रतीकात्मक तस्वीर, मेटा एआइ

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Temple Parking Fee Issue: जयपुर। फाल्गुन मास में प्रदेश के प्रमुख धार्मिक स्थलों में उमड़ रही आस्था के बीच पार्किंग शुल्क श्रद्धालुओं के लिए बड़ी मुसीबत बन गया है। खाटूश्यामजी मंदिर, सालासर बालाजी मंदिर और श्रीनाथजी मंदिर नाथद्वारा सहित कई आस्था स्थलों पर 100 से 300 रुपए तक की मनमानी वसूली की जा रही है। भीड़ बढ़ते ही दरें भी बढ़ा दी जाती हैं। सरकारी दरें और जमीनी हकीकत में बड़ा अंतर होने से श्रद्धालु नाराज हैं।

पार्किंग ठेकेदारों की मनमानी

फाल्गुनी मेलों और विशेष पर्वों पर लाखों भक्त दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं, लेकिन ठाकुरजी के दर्शन से पहले पार्किंग ठेकेदारों की मनमानी जेब पर भारी पड़ रही है। कई स्थानों पर पांच मिनट या पांच घंटे वाहन खड़ा करने पर भी समान शुल्क लिया जा रहा है। महंगी पार्किंग शुल्क की वजह से धार्मिक नगरियों में आए दिन भक्त व पार्किंग ठेकेदारों के बीच झगड़े भी हो रहे है।

खाटूश्यामजी: भीड़ के साथ बढ़ता शुल्क

खाटूश्यामजी में 20 फरवरी से फाल्गुनी मेला शुरू हो रहा हैं। पूरे देश से यहां लाखों श्रद्धालु पहुंचेंगे। अभी यहां निजी पार्किंग संचालक कार-जीप चालकों से 100 से 200 रुपए तक वसूल रहे हैं। एकादशी, श्याम जन्मोत्सव और फाल्गुनी मेले के दौरान यह राशि 300 से 500 रुपए तक पहुंच जाती है। पिछले साल मेले के दौरान ऑनलाइन व्यवस्था लागू की गई थी, लेकिन एक ही वाहन से कई बार शुल्क वसूलने की शिकायतें सामने आई थीं।

नाथद्वारा: अवैध पार्किंग का बोलबाला

नाथद्वारा में मंदिर मंडल की ओर से रसाला चौक के पास में पार्किंग बना रखी है, जहां पर 118 रुपए शुल्क लिया जाता है। नगर पालिका ने 120 फिट रोड़ पर पार्किंग बनाई गई है। जिसे ठेकेदार संचालित करता है। त्योहारों व अवकाश के दिनों में पार्किंग के नाम पर अवैध वसूली की कई शिकायतें आती है।

सालासर: पांच मिनट या पांच घंटे, लगेंगे 100 रुपए

सालासर में कई पाकिंग स्टैण्डों पर 100 रुपए तक वसूली की जा रही है। जब कई भक्तों की ओर से पार्किंग शुल्क कम करने की बात कही जाती है तो सीधा सा जवाब मिलता है कि पांच मिनट रूको या पांच घंटे देने पड़ेंगे 100 रुपए ही।

यहां आस्था को पूरा सम्मान

राजधानी जयपुर में श्रद्धालुओं से किसी प्रकार का पार्किंग शुल्क नहीं वसूला जाता। शहर आराध्य गोविंददेव जी मंदिर में आने वाले दर्शनार्थियों के लिए जलेबी चौक और दूसरी ओर गुरुद्वारे के रास्ते की लेन तक नि:शुल्क पार्किंग की सुविधा है। खोले के हनुमान जी, मोतीडूंगरी गणेश जी, घाट के बालाजी, अक्षयपात्र मंदिर में कोई भी पार्किंग शुल्क लागू नहीं है। वहीं श्री सांवलियाजी मंदिर में हाल ही में पार्किंग व्यवस्था शुरू हुई है, जहां अन्य स्थानों की तुलना में कम शुल्क लिया जा रहा है।

यह बोले भक्त: तय हो पार्किंग शुल्क, सरकार करें इंतजाम

केस 1: गाड़ी दिखते ही कट जाती है पर्ची

जयपुर निवासी राजेन्द्र सिंह ने बताया कि वह हर महीने श्याम बाबा के दर्शन करने जाते है। खाटूश्यामजी में पार्किंग संचालक शुल्क को लेकर कुछ सुनने को तैयार ही नहीं होते। कई पार्किंग संचालक तो गाड़ी को देखते ही 100 रुपए की पर्ची थमा देते है।

केस 2: फिर मेला प्राधिकरण क्यों

करौली निवासी कौशल तिवाड़ी ने बताया कि धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ सरकार को पार्किंग जैसी मूल सुविधाओं के लिए एक समान दरें तय करनी चाहिए, ताकि आस्था के नाम पर मनमानी वसूली न हो।

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लव सोनकर

लव सोनकर

लव सोनकर - 9 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। पिछले 7 सालों से डिजिटल मीडिया से जुड़े हुए हैं और कई संस्थानों में अपना योगदान दि है। कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता ए...और पढ़ें...


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