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दुल्हन लाने की तैयारी थी और दूल्हे के घर से निकली 35 लाशें, माता-पिता, बहन सब जिंदा जल गए, अब खुशियां लौटी लेकिन मां नहीं थी

Jodhpur Cylinder Blast case: इस दुख की घड़ी में दुल्हन पक्ष भी लगातार सुरेन्द्र सिंह और परिवार के बाकि सदस्यों की देखभाल करता रहा।

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बारात जाने से पहले मां ने बेटे का नेगचार किया था, अब मां ही नहीं बची

Jodhpur Cylinder Blast case: जोधपुर जिले के भूंगरा गांव में आठ दिसम्बर 2022 की शाम हुए सिलेंडर धमाके कौन भूल सकता है। चाय के एक कप ने परिवार के पैतीस लोग लील लिए। बीस लोग जलने के कारण कई दिनों तक अस्पताल में भर्ती रहे। दूल्हा खुद कई सप्ताह तक अस्पताल में इलाज कराता रहा। वापस लौटा तब तक सब कुछ लुट चुका था। इस दुख की घड़ी में दुल्हन और उसके परिवार का साथ दूल्हा पक्ष से बना रहा और आखिर दुख के बादल छंटे। परिवार के 35 लोगों को एक साथा खो देने वाले दूल्हे की आखिर सोलह महीने पंद्रह दिन बाद शादी हुई है।

दरअसल जोधपुर जिले के शेरगढ़ विधानसभा क्षेत्र के भूंगरा गांव में रहने वाले सगत सिंह के बेटे सुरेन्द्र सिंह की शादी 8 दिसम्बर 2022 को तय थी। लेकिन जब दुल्हन लेने के लिए जाने वाले थे तो उसी दिन चाय बनाने के दौरान एक साथ कई सिलेंडर ब्लास्ट हो गए। सगत सिंह, उनकी पत्नी, बेटा, नातिन, परिवार के कई सदस्यों समेत 35 लोगों की जलने से मौत हो गई। उसके बाद भी बीस लोग अस्पताल में काफी दिन भर्ती रहे। इस दुख की घड़ी में दुल्हन पक्ष भी लगातार सुरेन्द्र सिंह और परिवार के बाकि सदस्यों की देखभाल करता रहा।

उस अग्निकांड के बाद अब दुबारा मुहुर्त बना और सोलह महीने पंद्रह दिन के बाद कल रात सुरेन्द्र सिंह की शादी बाडमेर जिले के एक गांव में रहने वाली ओम कवंर से हुई। शादी में परिवार के लोग नहीं थे, मां और पिता नहीं थे, बहन नहीं थी…..। दूल्हा बना सुरेन्द्र बार बार अपने आंसू छुपाने की कोशिश कर रहा था।