6 फ़रवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
Switch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

3 सेकेंड की फुर्ती ने बचाई जान: कानपुर में चलती ट्रेन से गिरती बुजुर्ग महिला को RPF जवान ने खींचा बाहर, देखें वीडियो

कानपुर सेंट्रल स्टेशन पर चलती मगध एक्सप्रेस में चढ़ते वक्त बुजुर्ग महिला का पैर फिसल गया। हाथ ट्रेन-प्लेटफॉर्म के बीच फंसा गया। पति की मौत के बाद जनाजे में शामिल होने जा रही थी। महिला को RPF जवान ने 3 सेकेंड में खींचकर जान बचाई।

2 min read
Google source verification
फोटो सोर्स वायरल वीडियो

फोटो सोर्स वायरल वीडियो

कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर एक पल की चूक बुजुर्ग महिला की जान ले सकती थी। लेकिन आरपीएफ जवान की फुर्ती ने बड़ा हादसा टाल दिया। चलती ट्रेन में चढ़ते समय महिला का संतुलन बिगड़ा, पर महज कुछ सेकेंड में उनकी जिंदगी बच गई।

यह घटना बुधवार देर रात करीब 2 बजे कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन की है। प्लेटफॉर्म नंबर 5 से मगध एक्सप्रेस पटना के लिए रवाना हो रही थी। इसी दौरान बुजुर्ग महिला अनवर जहां अपने बेटों के साथ ट्रेन में चढ़ने की कोशिश कर रही थीं। जल्दबाजी में उनका पैर पायदान से फिसल गया। वह मुंह के बल गिर पड़ीं। गिरते ही उनका एक हाथ ट्रेन और प्लेटफॉर्म के बीच फंस गया। हालात ऐसे बन गए थे कि महिला पहिए के नीचे आने ही वाली थीं। ड्यूटी पर तैनात आरपीएफ कॉन्स्टेबल विनोद यादव की नजर अचानक इस दृश्य पर पड़ी। बिना एक पल गंवाए उन्होंने दौड़कर महिला को पूरी ताकत से बाहर की ओर खींच लिया। महज तीन सेकेंड में लिया गया। यह फैसला अनवर जहां के लिए जीवनदान बन गया। पूरी घटना स्टेशन पर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। जिसका वीडियो सामने आने के बाद जवान की हर तरफ सराहना हो रही है।

पति की मौत के बाद जनाजे में शामिल होने महिला जा रही थी


अनवर जहां ने बताया कि उनके पति इकबाल कुरैशी कुछ दिन पहले काम के सिलसिले में पटना गए थे। जहां बुधवार शाम उनकी मौत हो गई। इस दुखद खबर के बाद वह अपने दोनों बेटों के साथ पति के जनाजे में शामिल होने पटना जा रही थीं। कानपुर से मगध एक्सप्रेस में उनका रिजर्वेशन था। लेकिन जल्दबाजी के चलते यह हादसा होते-होते बचा।
घटना के बाद रेलवे पुलिस बल के अधिकारियों ने महिला और उनके बेटों से बातचीत की और सुरक्षा के लिहाज से उन्हें उसी रात आगे यात्रा नहीं करने दी। रात में कोई दूसरी ट्रेन उपलब्ध नहीं थी। इसलिए परिवार स्टेशन पर ही रुका। गुरुवार सुबह करीब 8 बजे बृह्मपुत्र मेल से वे पटना के लिए रवाना हुए। महिला के बेटे आमिर ने कहा कि पिता का साया पहले ही सिर से उठ चुका है। और अगर आरपीएफ जवान समय पर मदद न करता तो परिवार पर दूसरा बड़ा सदमा टूट सकता।