
Retired colliery worker with his wife (Photo- Patrika)
बैकुंठपुर। एसईसीएल से सेवानिवृत्त कर्मी ने अपनी पत्नी को धोखा देने अजब-गजब फर्जीवाड़ा (Such a fraud) किया। पत्नी ने मामले की रिपोर्ट थाने में दर्ज कराई थी। पुलिस ने मामले की जांच के बाद आरोपी पति व उसकी मुंहबोली पत्नी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। दरअसल आरोपी ने पत्नी का परित्याग कर दिया था तथा दूसरी महिला के साथ रह रहा था। इसपर पत्नी ने कुटुंब न्यायालय में भरण-पोषण का वाद दायर किया था। फैसला उसके पक्ष में गया था। इधर आरोपी ने भरण-पोषण की राशि भी नहीं दी और एसईसीएल ऑफिस में दूसरी पत्नी का फोटो अपनी पत्नी के स्थान पर लगाकर पीएफ, ग्रेच्यूटी व पेंशन के रुपए निकाल लिए।
कोरिया जिले के पंडोपारा कॉलोनी निवासी नसीमा बेगम (52) ने चरचा थाना में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उसने बताया था कि उसका पति कलामुद्दीन व उसकी मुंहबोली पत्नी कांति ने मिलकर उसका आधार कार्ड, पेन कार्ड, बैंक खाता एवं एसईसीएल ऑफिस में खुद की फोटो लगाकर सीएमपीएफ एवं ग्रेज्युटी, पेंशन एवं अन्य मदों की राशि (Such a fraud) निकाल ली है।
पुलिस की जांच में आरोपी कलामुद्दीन एवं कांति के विरूद्ध कूटरचित कर नकली दस्तावेज तैयार करना पाया गया। मामले में आरोपियों के खिलाफ धारा 3(5), 318(4), 319(1), 336(1), 338, 340(2) के तहत अपराध कायम कर विवेचना में लिया गया। चरचा पुलिस ने बुधवार को आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल (Such a fraud) भेज दिया है।
महिला के मुताबिक आरोपी एसईसीएल चरचा आरओ कॉलरी में कार्यरत था, जो सेवानिवृत्त हो चुका है। आरोपी ने पत्नी का परित्याग कर कांति नामक महिला को अपनी मुंहबोली पत्नी (Such a fraud) बनाकर रख लिया है। जो कॉलरी से सेवानिवृत्त होने के बाद अपने नाम पर जमा सीएमपीएफ, ग्रेज्युट, पेंशन एवं अन्य मदों की राशि को आहरण कर लिया।
फिर अपनी मुंहबोली पत्नी कांति के आधार कार्ड एवं पेन कार्ड में उसका नाम एवं फोटो एडिट कर राशि आहरण किया। एसईसीएल में उसका ही आधार कार्ड पेश किया गया है। उसका आधार नंबर एवं पेन कार्ड में मुंहबोली पत्नी कांति का फोटो है। आरोपी पति ने फर्जी आधार व पेन कार्ड से राशि आहरण किया है।
महिला ने आरोपी पति से भरण-पोषण राशि प्राप्त करने कुटुम्ब न्यायालय बैकुंठपुर में अर्जी पेश की थी। न्यायालय ने भरण-पोषण राशि प्रदान आदेश दिया था। लेकिन आरोपी पति (Such a fraud) की ओर से भरण-पोषण राशि अदा नहीं करने के कारण पत्नी ने कुटुम्ब न्यायालय में बकाया 4 लाख 51 हजार रुपए दिलाने की मांग रखी थी।
न्यायालय ने प्रबंधक चरचा माइंस आरओ को आदेश जारी कर आरोपी के सीएमपीएफ, ग्रेच्यूटी एवं अन्य मदों से कटौती कर राशि देने कहा था। बावजूद आरोपी पति ने फर्जी आधार व पेन कार्ड प्रस्तुत कर राशि का आहरण कर अपनी मुंहबोली पत्नी के नाम पर जमा (Such a fraud) कर दिया।
Published on:
28 Jan 2026 08:31 pm

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