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केरल फतह का बिगुल! BJP का मास्टर प्लान तैयार, 30% वोट टारगेट के साथ सत्ता की बिसात

BJP Kerala election campaign: चुनाव में भाजपा ने त्रिशूर सहित उन 30 सीटों पर मजबूती से लड़ने की तैयारी की है, जहां पार्टी का बूथ लेवल तक अच्छा नेटवर्क खड़ा हो चुका है

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BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन (Photo-IANS)

Kerala Election 2026: बीजेपी ने केरल में चुनावी अभियान का आगाज कर दिया है। दो दिवसीय दौरे पर पहुंचे राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने त्रिशूर के ओल्लुकारा में वॉल पेंटिंग के जरिए चुनावी बिगुल फूंका। सूत्रों के मुताबिक, इस चुनाव में भाजपा ने त्रिशूर सहित उन 30 सीटों पर मजबूती से लड़ने की तैयारी की है, जहां पार्टी का बूथ लेवल तक अच्छा नेटवर्क खड़ा हो चुका है और 2024 के लोकसभा चुनाव में इन सीटों पर 30% के आसपास वोट मिला। पार्टी की कोशिश इस बार 30% वोट हासिल कर जनता के सामने खुद को विकल्प साबित करने की है ताकि अगले चुनाव में सत्ता में आने की लड़ाई लड़ी जाए।

सबरीमला और तुष्टिकरण के मुद्दे पर चुनाव

भाजपा ने फिर सबरीमाला मंदिर को चुनावी मुद्दा बनाने की तैयारी की है। नितिन नबीन ने श्रृंगेरी मठ का दौरा करने के बाद कहा कि बीजेपी सबरीमाला की न्याय की लड़ाई लड़ेगी। मंदिर में सोना चोरी को लेकर BJP पहले से राज्य की सत्ताधारी लेफ्ट नेतृत्व एलडीएफ और कांग्रेस नेतृत्व मुख्य विपक्षी यूडीएफ पर हमलावर है। भाजपा ने कई मौकों पर एलडीएफ और यूडीएफ पर मुस्लिम तुष्टीकरण के आरोप लगाए हैं। भाजपा की कोशिश राज्य की 18 से 20% ईसाई आबादी के बड़े हिस्से को साथ लाकर सत्ता में पहुंचने की है।

लगातार बढ़ रहा भाजपा का जनाधार

  • 2024 में भाजपा त्रिशूर लोकसभा सीट जीत चुकी है।
  • त्रिवेंद्रम में पार्टी का मेयर बन चुका है।
  • 2014 में भाजपा को 11% वोट मिले थे।
  • 2019 में यह बढ़कर 16% हुआ।
  • 2024 में यह आंकड़ा 20% पहुंचा।
  • इस बार 10% अतिरिक्त वोट जोड़ने की कोशिश है।

क्या है समीकरण?

2021 के विधानसभा चुनाव में मौजूदा वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) ने 99 सीटों के साथ दोबारा सत्ता हासिल की, जबकि कांग्रेस नेतृत्व वाले यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (यूडीएफ) को सिर्फ 41 सीटों से संतोष करना पड़ा था। भाजपा की कोशिश 30% वोट के साथ तीसरी ताकत बनने की है।