AI-generated Summary, Reviewed by Patrika
AI-generated Summary, Reviewed by Patrika

बेंगलूरु शहर के यलहंका इलाके के कोगिलू में सरकारी जमीन से अतिक्रमण हटाने से बेघर हुए लोगों को वैकल्पिक आवास उपलब्ध कराने के सरकार के फैसले को लेकर भाजपा ने कड़ा विरोध जताया है।
उपजे विवाद के बीच भाजपा के नेताओं ने बुधवार को प्रभावित इलाके का दौरा किया। विधानसभा में विपक्ष के नेता आर. अशोक ने कांग्रेस सरकार पर तुष्टिकरण की राजनीति के चलते राज्य में मिनी बांग्लादेश बनाने का आरोप लगाया।
पत्रकारों से बातचीत में अशोक ने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया पर बड़े पैमाने पर अतिक्रमण और अवैध बस्तियों को बढ़ावा देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार बदलने के बाद राज्य में एक खतरनाक प्रवृत्ति देखने को मिल रही है।
अशोक ने यह भी दावा किया कि ऐसी बस्तियां अपराध का केंद्र बन सकती हैं और सरकार पुनर्वास के नाम पर बांग्लादेशियों का पक्ष ले रही है।
उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि सरकार नए साल पर ‘बांग्लादेशियों को घर तोहफे में’ दे रही है। इस बीच, विधान परिषद में विपक्ष के नेता सी. नारायणस्वामी ने पूरे मामले की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) से कराने की मांग की।
पूर्व उपमुख्यमंत्री और भाजपा विधायक सी.एन. अश्वथ नारायण ने चेतावनी दी कि यह मामला देश, राज्य और बेंगलूरु की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बन सकता है। उन्होंने मांग की कि अवैध प्रवासियों की पहचान कर उन्हें देश से बाहर निकाला जाए।
अशोक ने आरोप लगाया कि अल्पसंख्यकों के घर गिराए जाने को लेकर केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन की आलोचना के बाद कांग्रेस आलाकमान ने हस्तक्षेप किया और राज्य सरकार को अल्पसंख्यकों के प्रति सहानुभूतिपूर्ण रुख अपनाने का निर्देश दिया।
राजद के कई बड़े नेता और तेजश्री यादव की पत्नी ने कहा था कि बिहार में खेल होना अभी बाकि है। ऐसा होने के डर से ही नीतीश कुमार ने अपने विधायकों को फ्लोर टेस्ट से पहले विधानसभा के नजदीक चाणक्य होटल में रात को रुकवाया।

क्या आपको लगता है कि यह टैरिफ भारत की अर्थव्यवस्था को प्रभावित करेगा?

लव सोनकर
लव सोनकर - 9 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। पिछले 7 सालों से डिजिटल मीडिया से जुड़े हुए हैं और कई संस्थानों में अपना योगदान दि है। कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता ए...और पढ़ें...
संबंधित विषय:
Published on:
01 Jan 2026 07:28 am


यह एक महत्वपूर्ण मुद्दा है... यह निर्णय वैश्विक अर्थव्यवस्था को प्रभावित करेगा।
हाँ, ये सोचने वाली चीज़ है
दिलचस्प विचार! आइए इस पर और चर्चा करें।