
एक्टर विजय। (Photo-IANS)
तमिलनाडु में इसी साल विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। जिसको लेकर एक्टर से पॉलिटिशियन बने विजय भी जोरों से तैयारी में जुटे हैं।
उन्होंने 'तमिलगा वेट्री कजगम' नाम की एक पार्टी बनाई है। जो विजय के नेतृत्व में विधानसभा चुनाव के दौरान सभी सीटों पर चुनाव लड़ सकती है।
जहां एक तरफ विजय प्रदेश में चुनाव प्रचार में जुटे हैं। वहीं, दूसरी तरफ उन्हें मद्रास हाई कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। मद्रास हाई कोर्ट के जस्टिस सेंथिलकुमार राममूर्ति ने विजय की दायर याचिका को खारिज कर दिया है।
इस याचिका में इनकम टैक्स डिपार्टमेंट द्वारा लगाए गए 1.5 करोड़ के जुर्माने को चुनौती दी गई थी। यह जुर्माना 15 करोड़ रुपये की अतिरिक्त इनकम का खुलासा नहीं करने पर लगाया गया था।
यह छिपी हुई इनकम सितंबर 2015 में उनकी फिल्म पुली की रिलीज के बाद किए गए सर्च-एंड-सीजर ऑपरेशन के दौरान सामने आई थी।
कोर्ट ने जुर्माने को सही ठहराया है। अदालत ने कहा कि यह खुलासा स्वेच्छा से नहीं किया गया था, बल्कि डिपार्टमेंट की जांच में पता चला।
यही कारण रहा कि विजय को छापे के दौरान सामने आई टैक्स गड़बड़ियों के लिए जिम्मेदार ठहराया गया। इस बीच, उनकी फिल्म 'जना नायकन' पर मद्रास हाई कोर्ट ने 27 जनवरी को हाई कोर्ट की सिंगल-जज बेंच द्वारा पारित पहले के एक आदेश को रद्द कर दिया।
पिछले आदेश में CBFC को फिल्म को U/A सर्टिफिकेशन देने का निर्देश दिया गया था। अब फिल्म निर्माता KVN प्रोडक्शंस हाई कोर्ट के फैसले को चुनौती देने के लिए सुप्रीम कोर्ट जा सकते हैं।
बेंच ने ताजा आदेश में कहा कि सिंगल जज को आदेश पारित करने से पहले CBFC को अपना काउंटर-एफिडेविट दाखिल करने का समय देना चाहिए था। तदनुसार, मामले को नई सुनवाई के लिए सिंगल-जज बेंच को वापस भेज दिया गया है।
बता दें कि एक्टर विजय के घर 30 सितंबर 2015 को इनकम टैक्स का छापा पड़ा था। यह छापा काफी चर्चा में रहा। यह छापा फिल्म 'पुली' से जुड़ी आय को लेकर पड़ा था।
आयकर विभाग ने जांच के दौरान पाया कि विजय को इस फिल्म के लिए कुल लगभग 15 करोड़ रुपये मिले थे, जिसमें से करीब 4.93 करोड़ रुपये कैश में दिए गए थे, लेकिन यह पूरी आय उनके टैक्स रिटर्न में ठीक से घोषित नहीं की गई थी।
विजय के चेन्नई स्थित घर और अन्य परिसरों पर सर्च ऑपरेशन चला। कुछ महत्वपूर्ण दस्तावेज जब्त किए गए। इस छापे के बाद विजय ने अतिरिक्त आय घोषित की और उस पर टैक्स भी जमा किया। लेकिन विभाग ने इसे स्वेच्छा से घोषणा नहीं की गई आय मानकर पेनाल्टी लगाई। जिसे विजय ने कोर्ट में चुनौती दी।
बता दें कि 10 साल में विजय के घर दो बार छापा पड़ चुका है। पहला 2015 में, जिसपर हाई कोर्ट ने साफ आदेश दिया है। विजय के घर पर इनकम टैक्स का दूसरा छापा साल 2020 में पड़ा था।
यह छापा फिल्म प्रोडक्शन, फाइनेंसर और प्रॉपर्टी निवेश से जुड़े संभावित टैक्स चोरी के शक में पड़ा था। उसी समय वे अपनी फिल्म 'मास्टर' की शूटिंग नेयवेली कोल माइंस में कर रहे थे, वहां भी अधिकारी पहुंचे और पूछताछ की।
कुल 38 जगहों पर सर्च हुआ। पहले 65-77 करोड़ रुपये कैश जब्त होने की खबर आई। लेकिन बाद में विभाग ने बताया कि कुछ खास नहीं मिला। जिसके बाद केस पर चर्चा बंद हो गई।
Updated on:
06 Feb 2026 09:49 pm
Published on:
06 Feb 2026 08:56 pm
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