
बारां. बरसात और तेज हवा के असर से आड़ी पड़ी फसल।
बारां. जिले में गुरुवार से सर्दी और बढऩे वाली है। जयपुर मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि बारां में 28 जनवरी को उत्तरी हवा के प्रभाव से न्यूनतम और अधिकतम तापमान में 2 से 4 डिग्री 0 तक की गिरावट आएगी। 30-31 जनवरी को एक और पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा जिसके असर से प्रदेश सहित जिले के विभिन्न हिस्सों में 31 जनवरी और 1 फरवरी को मावठ गिरने की संभावना है। मौसम विभाग ने फरवरी के पहले सप्ताह में भी मावठ का पूर्वानुमान जताया है। मौसम विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि फरवरी के पहले सप्ताह में सर्दी का असर बरकरार रहेगा। 2-3 दिन प्रदेश में कई जगह घना कोहरा छाया रह सकता है। मौसम विभाग ने ओले और बारिश का यैलो अलर्ट भी जारी किया है।
कई जगह ‘मावठ’, ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान
बारां. जिले में मंगलवार को सुबह से ही मौसम का मिजाज बिगड़ा रहा। बारां शहर सहित कई जगहों पर बारिश बौछारों से लेकर मध्यम दर्जे की बारिश दर्ज की गई। हालांकि सुबह बादल होने से सर्दी का असर महसूस नहीं हुआ। इसके बाद दोपहर को शहर सहित जिले के कई इलाकों में बारिश हुई। हरनावदाशाहजी और छीपाबड़ौद इलाकों में बरसात के कारण सरसों और गेहूं की फसल आड़ी पड़ गई। इसी के साथ इलाके में हो रही अफीम की फसल में भी नुकसान की आशंका जताई जा रही है। इसी प्रकार बोहत में बेर के आकार के ओले भी गिरे। बाद में वह पानी में गल गए। बारां शहर में दोपहर बाद मध्यम दर्जे की बारिश हुई, इससे सडक़ों पर पानी बह निकला, वहीं लोगों की दिनचर्या प्रभावित हो गई। हालांकि इसके बाद कई जगह धूप निकलने से राहत रही। शाम होते-होते सर्दी का असर बढऩे लगा। इससे पहले न्यूनतम तापमान 8 डिग्री और अधिकतम तापमान 25 डिग्री दर्ज किया गया।
कई जगह गिरे ओले, बढ़ेगा सर्दी का असर
मांगरोल. इलाके में बरसात से सरसों, धनिया, गेहूं की फसलों में नुक़सान हो गया। सरसों के फूल झड गए, गेहूं, धनिया की फसल आड़ी पड़ गई। मंगलवार को शाम तक मौसम बिगड़ा रहा। आसपास के गांवों झाडवा, गुदरावणी समेत कई जगह चने के आकार के ओले गिरे। बोहत में में मंगलवार को दोपहर 12 बजे बाद 20 मिनट से अधिक हवा के साथ बारिश, ओलावृष्टि हुई। बे मौसम बारिश होने से किसानों की ङ्क्षचता बढ गई है बारिश के साथ हवा चलने से खेतों में खडी सरसों, धनिया की फसल खडी पडने से ओलावृष्टि के चलते किसानों को फसलों में नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है। हवा के साथ हुई बारिश व चने, बेर के बराबर ओले पडऩे से ज्यादा सरसों की फसल प्रभावित हुई है। इधर, अंता क्षेत्र में इन दिनों मौसम का मिजाज कुछ बदला बदला सा नजर आ रहा है। क्षेत्र में मंगलवार के दिन की शुरुआत से ही आसमान में बादल छाए रहे। सुबह 9 बजे के लगभग हवाओं के साथ बारिश का दौर शुरू हुआ।बारिश के साथ चने के आकार के ओले भी गिरे। कई खेतों में इस बारिश का विपरीत प्रभाव पड़ा है।इसके कारण गेहूं की फसल खेतों में बिछी हुई नजर आई।
तहसील परिसर के पेड़ में दौड़ा करंट
छबड़ा . नगर में मंगलवार देर शाम हवा व मेघ गर्जना के साथ हुई बारिश से तहसील परिसर में लगे पेड़ में समीप से गुजर रही विद्युत लाइन के सम्पर्क में आने से विद्युत स्पार्किंग के साथ करंट दौड़ गया। कुछ देर बाद विद्युत स्पार्किंग के साथ-साथ जोरदार आवाज भी आई। इससे कुछ देर के लिए समीप के दुकानदार सकते में आ गए। गनीमत रही है कि कोई इसकी चपेट में नही आया, क्योँकि तहसील परिसर के बाहर मुख्य सडक़ किनारे फल-सब्जी के ठेले लगते हैँ। मुख्य मार्ग होने से आवागमन सुचारु रहता है। उस वक्त यहां पर कोई नहीं था।
Updated on:
28 Jan 2026 07:29 pm
Published on:
28 Jan 2026 07:28 pm

बड़ी खबरें
View Allबारां
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
