
MP Post Matric Scholarship 2026: मध्य प्रदेश के मूल निवासी और एससी, एसटी व ओबीसी कैटेगरी के स्टूडेंट्स के लिए राज्य सरकार ने बड़ी राहत की खबर दी है। आर्थिक तंगी के कारण पढ़ाई न छूटने पाए, इसके लिए सरकार एमपी पोस्ट मैट्रिक स्कॉलरशिप के जरिए लाखों स्टूडेंट्स को फायनेंशियल असिस्टेंस/एड मुहैया करा रही है। इस योजना के तहत 11वीं क्लास से लेकर पीएचडी तक की उच्च शिक्षा के लिए छात्रों को स्कॉलरशिप दी जाएगी। सरकार का मकसद है कि ज्यादा से ज्यादा बच्चे कॉलेज तक पहुंचें और शिक्षा के जरिए आत्मनिर्भर बनें। यही वजह है कि यह स्कॉलरशिप मेडिकल, इंजीनियरिंग, मैनेजमेंट और लॉ जैसे लगभग हर बड़े कोर्स के लिए दी जा रही है।
एमपी पोस्ट मैट्रिक स्कॉलरशिप का दायरा काफी एक्सटेंसिव है। इसमें केवल सामान्य पढ़ाई ही नहीं, बल्कि कई प्रोफेशनल कोर्सेज भी शामिल हैं किए गए हैं-
मध्य प्रदेश की इस स्कॉलरशिप योजना का लाभ केवल वही स्टूडेंट्स ले सकते हैं जो एमपी के मूल निवासी हैं। साथ ही इसके लिए जरूरी है कि छात्र अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) या अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) से ताल्लुक रखता हो। इसके अलावा, स्टूडेंट के परिवार की सालाना कमाई सरकार की तय की गई लिमिट से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। बता दें कि, स्कॉलरशिप के लिए वही स्टूडेंट्स एलिजिबल हैं जो किसी भी सरकारी या प्राइवेट कॉलेज में, 11वीं क्लास या उससे ऊपर की किसी भी क्लास में रेगुलर पढ़ाई कर रहे हैं।
एक सरकारी सहायता योजना है, इसके योजना के तहत छात्रों को ट्यूशन फीस की भरपाई, रहने के खर्च के लिए मेंटेनेंस अलाउंस और कॉलेज की नॉन-रिफंडेबल फीस में सहायता मिलती है। कुछ मामलों में प्रोजेक्ट, थीसिस और स्टडी टूर जैसे खर्चों में भी सहायता मिलती है। खास बात यह है कि स्कॉलरशिप का पूरा अमाउंट सीधे स्टूडेंट्स के बैंक खाते में डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के जरिए से भेजा जाएगा, जिससे पारदर्शिता बनी रहेगी। इस योजना का मुख्य उद्देश्य यह तय करना है कि पैसो की तंगी की वजह से किसी भी प्रतिभावान छात्र की पढ़ाई बीच में न छूटे और वे उच्च शिक्षा का अपना सपना पूरा कर सकें।
योजना के लिए आवेदन पूरी तरह ऑनलाइन मॉड में होंगे। स्टूडेंट्स मध्य प्रदेश स्कॉलरशिप पोर्टल पर जाकर अपना रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। आवेदन करते समय स्टूडेंट्स को कुछ दस्तावेजों की जरूरत होगी इसलिए स्टूडेंट अपने डॉक्यूमेंट्स अप-टू-डेट रखें। आवेदन के दौरान आधार कार्ड, आय प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र, पिछली कक्षा की मार्कशीट, बैंक पासबुक, एडमिशन रसीद और पासपोर्ट साइज फोटो अपलोड करने होते हैं।
योजना का लाभ अगले वर्ष भी जारी रखने के लिए छात्रों को हर साल अपना आवेदन रिन्यू करना होता है। इसके लिए पिछली कक्षा में पास होना और कॉलेज में उपस्थिति संतोषजनक होना जरूरी है। गलत जानकारी देने या बीच में पढ़ाई छोड़ने पर स्कॉलरशिप रोकी जा सकती है। देखा जाए तो एमपी पोस्ट मैट्रिक स्कॉलरशिप महज एक सरकारी सहायता नहीं, बल्कि उन हजारों मेधावी छात्रों के सपनों को मिलने वाली नई उड़ान है जो संसाधनों के अभाव में भी कुछ बड़ा करने का जज्बा रखते हैं।
Published on:
31 Jan 2026 02:41 pm
बड़ी खबरें
View Allशिक्षा
ट्रेंडिंग
