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Organic Agriculture: राजस्थान में 10 हजार नई गोशालाओं की जरूरत, गो आधारित प्राकृतिक खेती को मिलेगा बढ़ावा

रासायनिक खेती के विकल्प के रूप में गो संवर्धन मॉडल, राज्यपाल से नीति समर्थन की मांग। जयपुर में आज आध्यात्मिक अनुष्ठान व वंदन समारोह, उपमुख्यमंत्री करेंगे अध्यक्षता।

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जयपुर

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Rajesh Dixit

Feb 01, 2026

largest cattle wildlife sanctuary damoh 8000 cows shelter mp news

largest cattle wildlife sanctuary damoh 8000 cows shelter (फोटो- सोशल मीडिया)

Cow Shelter: जयपुर। प्रदेश में रासायनिक खेती से प्रभावित होती मिट्टी की उर्वरता, घटती किसान आय और बढ़ते पर्यावरण संकट के बीच अब गो आधारित प्राकृतिक कृषि को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल शुरू की गई है। अखिल भारतीय गोशाला सहयोग परिषद ने राजस्थान में कम से कम 10 हजार नई गोशालाओं की आवश्यकता जताते हुए राज्यपाल हरिभाऊ बागडे से अनुदान एवं ठोस नीति समर्थन के लिए हस्तक्षेप की मांग की है।

परिषद के अंतरराष्ट्रीय संयोजक डॉ. अतुल गुप्ता ने बताया कि वर्तमान में प्रदेश में करीब 3800 से अधिक पंजीकृत गोशालाएं संचालित हैं, जो बढ़ती गो संख्या और प्राकृतिक खेती की आवश्यकताओं के मुकाबले काफी कम हैं। उन्होंने कहा कि यदि योजनाबद्ध तरीके से नई गोशालाओं की स्थापना की जाती है तो इससे किसानों को जैविक खाद, गोमूत्र आधारित उत्पाद और प्राकृतिक खेती के संसाधन उपलब्ध होंगे, जिससे खेती की लागत घटेगी और आय बढ़ेगी।

उन्होंने सुझाव दिया कि प्रत्येक जिले और तहसील स्तर पर गो आधारित प्राकृतिक कृषि केंद्र स्थापित किए जाएं, जहां अनुसंधान, प्रशिक्षण और नवाचार को बढ़ावा मिल सके। इससे राजस्थान देश में गो संवर्धन और प्राकृतिक कृषि का मॉडल राज्य बन सकता है।