11 फ़रवरी 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

पोकरण में गरजी सैन्य शक्ति : सेना ने ‘रुद्र शक्ति’ से दिखाई युद्धक तैयारी

भारतीय सेना ने थार मरुस्थलीय क्षेत्र में भारतीय सेना ने रुद्रशक्ति युद्धाभ्यास के जरिए युद्धक तैयारी का दमदार प्रदर्शन किया।

2 min read
Google source verification

भारतीय सेना ने थार मरुस्थलीय क्षेत्र में भारतीय सेना ने रुद्रशक्ति युद्धाभ्यास के जरिए युद्धक तैयारी का दमदार प्रदर्शन किया। सैनिकों के पराक्रम से पोकरण फायरिंग रेंज की धरा बार-बार गूंज उठी। सेना की दक्षिणी कमान के जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ लेफ्टिनेंट जनरल धीरज सेठ ने पोकरण फील्ड फायरिंग रेंज में रुद्र ब्रिगेड की ओर से आयोजित ऑल-आम्र्स युद्धाभ्यास रुद्र शक्ति की समीक्षा की। लाइव फायरिंग के साथ संपन्न इस अभ्यास ने विकसित हो रहे युद्धक्षेत्र परिवेश में उच्च तीव्रता की एकीकृत सैन्य कार्रवाइयों को अंजाम देने की भारतीय सेना की क्षमता को सशक्त रूप से प्रदर्शित किया। गौरतलब है कि रुद्र शक्ति अभ्यास को पूर्व में आयोजित अखंड प्रहार की अगली कड़ी के तौर पर संचालित किया गया। इससे पहले अखंड प्रहार में मरुस्थलीय क्षेत्र में रुद्र ब्रिगेड तथा नई परिचालन अवधारणाओं का परीक्षण और सत्यापन किया गया था।

अभ्यास में क्षमताओं का समन्वित उपयोग

लाइव फायरिंग अभ्यास के दौरान यंत्रीकृत बलों, तोपखाना, वायु रक्षा इकाइयों, आर्मी एविएशन के एएलएच-डब्ल्यूएसआई व अपाचे हेलीकॉप्टरों, मानवरहित हवाई प्रणालियों (यूएएस) और काउंटर-यूएएस क्षमताओं के समन्वित उपयोग के माध्यम से युद्धक एकीकरण और परिचालन प्रभावशीलता को ज्यादा सुदृढ़ करना था। इस दौरान थल, वायु और डिजिटल क्षेत्र में निर्बाध तालमेल का प्रभावी प्रदर्शन किया गया।

कमांडर ने जवानों से किया संवाद

समीक्षा के दौरान सेना कमांडर ने जमीनी स्तर पर तैनात जवानों से संवाद किया और सभी रैंकों की उत्कृष्ट प्रशिक्षण गुणवत्ता, पेशेवर दक्षता व उच्च स्तर की परिचालन तत्परता की सराहना की। उन्होंने जटिल अभियानों को गति, सटीकता और बेहतर समन्वय के साथ निष्पादित करने की क्षमता की प्रशंसा की। बताया गया कि रुद्र शक्ति अभ्यास भारतीय सेना के सतत रूपांतरण का सशक्त प्रमाण है, जिसमें संगठनात्मक नवाचार, सामरिक विकास और प्रौद्योगिकी का एकीकरण समानांतर रूप से आगे बढ़ रहा है। यह अभ्यास उभरती सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए भारतीय सेना की मिशन-तत्पर, प्रौद्योगिकी-सशक्त और भविष्य-उन्मुख बने रहने की अटल प्रतिबद्धता को पुन: पुष्ट करता है।