
मथुरा में घटना की जानकारी मिलते ही पहुंची पुलिस।
सुबह के 8 बज चुके थे। मनीष (35) के घर के बाहर रोज होने वाली हलचल आज गायब थी। पड़ोसियों को अजीब लगा कि दूधवाला आकर जा चुका था, लेकिन घर का दरवाजा नहीं खुला। अनहोनी की आशंक पर पड़ोसियों ने आवाज लगाई, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। इस पर पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस की मौजूदगी में दरवाजा तोड़ा गया, तो सामने का मंजर देख सबकी रूह कांप गई।
कमरे के अंदर मनीष, उसकी पत्नी सीमा (32), दो छोटी बेटियां हनी व प्रियांशी और महज दो साल का मासूम बेटा प्रतीक बेजान पड़े थे। उनके पास ही दूध के खाली गिलास रखे थे। अंदेशा लगाया जा रहा है कि जहर इसी दूध में घोलकर पीया गया था। आठ साल पहले सादाबाद से ब्याह कर आई सीमा और मनीष के हंसते-खेलते संसार का ऐसा अंत होगा, यह किसी ने सोचा न था।
पुलिस की नजर जब कमरे की दीवार पर पड़ी, तो वहां कुछ लिखा दिखा। कोयले से लिखा था 'अपनी इच्छा से आत्महत्या कर रहा हूं।
मामला महावन थाना क्षेत्र के खप्परपुर गांव का है। पुलिस का कहना है कि आत्महत्या के पीछे की वजह अब तक सामने नहीं आई है। फिलहाल शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवा दिया गया है और परिजनों से पूछताछ की जा रही है।
मनीष के भाई जयकिशन ने बताया कि सुबह जानकारी मिली कि भाई ने पूरे परिवार के साथ आत्महत्या कर ली है। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई।मौत कैसे हुई, इसका अभी पता नहीं चल पाया है। पुलिस को सूचना दी गई थी। पुलिस मौके पर पहुंचकर छानबीन कर रही है।
मनीष खेती करते थे और अपने परिवार के साथ अलग मकान में रहते थे। उनके दो भाई गांव में ही अलग-अलग घरों में रहते हैं।
Updated on:
10 Feb 2026 04:33 pm
Published on:
10 Feb 2026 12:16 pm
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