
कुलदीप सेंगर को सुप्रीम कोर्ट से नहीं मिली राहत, PC- Patrika
उन्नाव : भारतीय जनता पार्टी के पूर्व विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को सुप्रीम कोर्ट से राहत नहीं मिली है। शीर्ष अदालत ने पीड़िता के पिता की कथित हिरासत में मौत से जुड़े मामले में उनकी सजा के निलंबन और जमानत की मांग वाली याचिका पर कोई अंतरिम आदेश देने से इनकार कर दिया है।
हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली हाईकोर्ट से आग्रह किया है कि वह सेंगर की लंबित अपील पर शीघ्र सुनवाई करते हुए तीन महीने के भीतर इसका निपटारा करे।
मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि यह मामला विचार के लिए हाईकोर्ट के अधिकार क्षेत्र में आता है। पीठ ने स्पष्ट शब्दों में कहा, 'हम इसे एक उपयुक्त मामला मानते हैं, जिसमें उच्च न्यायालय से यह अनुरोध किया जाता है कि वह अपील की सुनवाई यथासंभव शीघ्र, लेकिन तीन महीने से अधिक की देरी किए बिना पूरी करे।'
दरअसल, कुलदीप सिंह सेंगर ने पीड़िता के पिता की कथित हिरासत में मौत के मामले में मिली सजा को चुनौती देते हुए दिल्ली हाईकोर्ट में अपील दायर की हुई है। इसी अपील के साथ उन्होंने सजा के निलंबन और जमानत की मांग भी की थी। हाईकोर्ट में सुनवाई लंबित होने के चलते सेंगर ने तत्काल राहत के लिए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।
मामले पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने साफ किया कि इस स्तर पर वह कोई अंतरिम आदेश पारित नहीं करेगा। अदालत ने यह भी संकेत दिया कि अपील पर अंतिम फैसला देने का अधिकार दिल्ली हाईकोर्ट के पास है, इसलिए वहीं इस मामले की सुनवाई पूरी की जानी चाहिए।
गौरतलब है कि कुलदीप सिंह सेंगर उत्तर प्रदेश के उन्नाव से पूर्व विधायक रह चुके हैं। वह पहले ही एक अलग मामले में रेप के आरोप में दोषी ठहराए जा चुके हैं। पीड़िता के पिता की मौत का यह मामला भी उसी प्रकरण से जुड़ा हुआ है, जिसने देशभर में राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर व्यापक चर्चा को जन्म दिया था।
Published on:
09 Feb 2026 02:00 pm
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